भौम प्रदोष पर श्री अंगारेश्वर महादेव मंदिर, उज्जैन में मांगलिक दोष निवारण पूजन
मांगलिक दोष निवारण पूजन मंगल दोष के अशुभ प्रभाव को शांत करने और भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने हेतु किया जाने वाला पवित्र अनुष्ठान है। भौम प्रदोष के दिन यह पूजन विशेष रूप से फलदायी माना जाता है।
महत्व
- भौम प्रदोष मंगल दोष निवारण हेतु अत्यंत शुभ माना जाता है।
- मांगलिक दोष के नकारात्मक प्रभाव को शांत करता है।
- विवाह में देरी और बाधाएँ दूर करने में सहायक।
- रिश्तों में प्रेम और सामंजस्य बढ़ाता है।
- जीवन में सफलता, साहस और स्थिरता देता है।
पूजन विधि
- संकल्प लेकर पूजन का आरंभ किया जाता है।
- विघ्न निवारण हेतु गणेश पूजन किया जाता है।
- श्री अंगारेश्वर महादेव का अभिषेक किया जाता है।
- मंगल शांति मंत्र जाप और अर्पण किए जाते हैं।
- अंत में सुख, शांति और समृद्धि की प्रार्थना होती है।
निष्कर्ष
भौम प्रदोष पर किया जाने वाला मांगलिक दोष निवारण पूजन मंगल दोष से जुड़ी समस्याओं के समाधान हेतु अत्यंत प्रभावशाली आध्यात्मिक उपाय माना जाता है। उज्जैन स्थित श्री अंगारेश्वर महादेव मंदिर में सम्पन्न यह पावन अनुष्ठान भगवान शिव की विशेष कृपा प्रदान करता है। इसकी साधना से विवाह में आने वाली बाधाएँ दूर होती हैं, रिश्तों में मधुरता आती है, मानसिक तनाव कम होता है तथा जीवन में सफलता, शांति और स्थिरता प्राप्त होती है। श्रद्धा भाव से किया गया यह पूजन भक्त के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने वाला माना जाता है।
श्री अंगारेश्वर महादेव मंदिर, उज्जैन